कलेक्ट्रेट परिसर स्थित छत्तीसगढ़ महतारी प्रतिमा पर करेंगे माल्यार्पण, न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं से करेंगे मुलाकात
दुर्ग, छत्तीसगढ़ी भाषा आंदोलन के पुरोधा नंदकिशोर शुक्ल इन दिनों दुर्ग जिले के प्रवास पर हैं। छत्तीसगढ़ी भाषा, संस्कृति और अस्मिता को जन-जन तक पहुंचाने के लिए उन्होंने वर्षों तक पूरे प्रदेश का कई बार पैदल एवं साइकिल से भ्रमण किया है। उनके आंदोलन और जनजागरण अभियान का छत्तीसगढ़ी भाषा संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान माना जाता है।
दुर्ग प्रवास के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता गणेश शुक्ला ने उनसे सौजन्य मुलाकात कर न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं से मुलाकात के लिए आमंत्रित किया। आमंत्रण स्वीकार करते हुए नंदकिशोर शुक्ल 12 जून 2026 को दोपहर 2 बजे कलेक्ट्रेट परिसर स्थित छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगे।
इसके पश्चात वे दुर्ग न्यायालय परिसर में भ्रमण कर अधिवक्ताओं एवं आम नागरिकों से मुलाकात करेंगे। इस दौरान छत्तीसगढ़ी भाषा के संरक्षण, संवर्धन और जनजागरण को लेकर चर्चा भी की जाएगी। अधिवक्ता संघ के सदस्यों एवं सामाजिक संगठनों में उनके आगमन को लेकर उत्साह का वातावरण है।













