अस्पताल में रिश्तेदार को फोन करने के बहाने मोबाइल लेकर खाते से 1.48 लाख की ठगी

Editor
By Editor 5 Min Read

मोबाइल हाथ लगते ही बैंक खाते से उड़ाए 1,48,301 रुपये, आरोपी गिरफ्तार; ठगी की रकम से खरीदा सामान और 20,200 रुपये नकद बरामद

दुर्ग, शासकीय जिला अस्पताल दुर्ग में मरीज के परिजन से रिश्तेदार को फोन करने के बहाने मोबाइल मांगकर बैंक खाते से 1 लाख 48 हजार 301 रुपये की धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को सिटी कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से ठगी की रकम से खरीदी गई सामग्री और नकद राशि सहित कुल 55 हजार 700 रुपये का सामान बरामद किया है। बरामद सामान में सोने का मंगलसूत्र, घड़ी, पावर बैंक, मोबाइल फोन और 20,200 रुपये नकद शामिल हैं।

पुलिस के अनुसार ग्राम महमरा निवासी कुलेश्वर निषाद के पिता का उपचार शासकीय जिला अस्पताल दुर्ग में चल रहा था। कुलेश्वर अपने पिता की देखभाल के लिए अस्पताल में मौजूद थे। इसी दौरान एक अज्ञात व्यक्ति उनके पास पहुंचा और रिश्तेदार को फोन करने की बात कहते हुए मोबाइल मांग लिया। आरोपी ने विश्वास में लेकर मोबाइल अपने कब्जे में लिया और वहां से चला गया।

इसके बाद आरोपी ने मोबाइल का दुरुपयोग करते हुए प्रार्थी के बैंक खाते से 1,48,301 रुपये निकाल लिए। खाते से रकम निकलने की जानकारी मिलने पर प्रार्थी ने मामले की शिकायत 5 सितंबर 2026 को थाना सिटी कोतवाली दुर्ग में दर्ज कराई।

तकनीकी साक्ष्यों से आरोपी तक पहुंची पुलिस

शिकायत के आधार पर सिटी कोतवाली पुलिस ने अपराध क्रमांक 482/2026 के तहत धारा 318(4) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की। पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारियों का विश्लेषण करते हुए आरोपी की पतासाजी शुरू की।

जांच के दौरान पुलिस को आरोपी के संबंध में महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसके आधार पर पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में उसने अपना नाम कमलजीत बांदे उर्फ कमल, उम्र 29 वर्ष, निवासी ग्राम तमोरा, थाना रानचिरई, जिला बालोद बताया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी ने अस्पताल में मोबाइल लेकर बैंक खाते से रकम की धोखाधड़ी करना स्वीकार किया।

ठगी की रकम से खरीदा मंगलसूत्र और मोबाइल

आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने ठगी की रकम से खरीदी गई सामग्री बरामद की। इसमें करीब 17 हजार रुपये कीमत का सोने का मंगलसूत्र, 1 हजार रुपये की घड़ी, 1 हजार रुपये का पावर बैंक, करीब 16,500 रुपये कीमत का मोबाइल फोन और 20,200 रुपये नकद शामिल हैं। बरामद सामग्री की कुल अनुमानित कीमत 55,700 रुपये बताई गई है।

पुलिस ने आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड के लिए न्यायालय में पेश किया।

वीडियो

अस्पताल में विश्वास जीतकर करता था वारदात

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने अस्पताल में मरीज के परिजन को अपना विश्वास दिलाया और रिश्तेदार को फोन करने के बहाने मोबाइल हासिल किया। मोबाइल मिलने के बाद उसने उसका इस्तेमाल बैंक खाते से रकम निकालने के लिए किया। इसके बाद ठगी की रकम से अलग-अलग सामान खरीदा गया।

आरोपी के खिलाफ पहले भी दर्ज हैं मामले

आईसीजेएस अभिलेख के अनुसार आरोपी कमलजीत बांधे के नाम से पूर्व में भी प्रकरण दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। इनमें वर्ष 2020 में थाना उतई में जुआ अधिनियम की धारा 13 के तहत अपराध क्रमांक 218/2020 तथा वर्ष 2024 में थाना सिटी कोतवाली दुर्ग में धारा 305(बी) बीएनएस के तहत अपराध क्रमांक 549/2024 शामिल हैं। दोनों मामलों में चालान प्रस्तुत किया जाना अभिलेख में दर्शित है।

मोबाइल किसी अपरिचित को नहीं देने की अपील

दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अपरिचित व्यक्ति को किसी बहाने से अपना मोबाइल फोन न दें। मोबाइल में बैंकिंग, यूपीआई और अन्य वित्तीय जानकारियां जुड़ी होने के कारण उसके दुरुपयोग से बड़ी आर्थिक क्षति हो सकती है। पुलिस ने कहा कि ऑनलाइन ठगी होने पर तत्काल संबंधित बैंक और पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

Link : https://shricgnewscreator.com/rs-1-48-lakh-swindled-from-account-after-taking-mobile-on-the-pretext-of-calling-a-relative-at-the-hospital/

Share This Article