भिलाई, भिलाई चरोदा निगम क्षेत्र में बुधवार को आयोजित सुशासन शिविर उस वक्त चर्चा का विषय बन गया, जब समस्याओं के बीच शराब दुकान को लेकर ऐसा तर्क सामने आया कि अफसर भी मुस्कुरा उठे। चरोदा स्थित मंगल भवन में लगे शिविर में जहां एक ओर तालाब निर्माण और बिजली व्यवस्था की शिकायतें पहुंचीं, वहीं दूसरी ओर “दुर्घटना रोकने के लिए शराब दुकान” खोलने की मांग ने माहौल को अलग रंग दे दिया।
चरोदा के पार्षद टेनेंद्र कुमार ठाकरे ने खसरा नंबर 1028 में जल संचयन के लिए तालाब निर्माण की मांग रखी। उन्होंने बताया कि इलाके तक सिंचाई विभाग की नहर नहीं पहुंचती, जिससे किसानों और स्थानीय लोगों को परेशानी होती है।
लेकिन शिविर की सबसे ‘गजब’ मांग तब सामने आई जब ठाकरे ने फोरलेन सड़क के दोनों ओर शराब दुकान खोलने का सुझाव दे डाला। उनका तर्क था कि जीई रोड के केवल एक तरफ शराब दुकान होने से लोग सड़क पार करते हैं और दुर्घटना का खतरा बना रहता है। ऐसे में यदि दोनों तरफ दुकानें होंगी तो “शराब प्रेमियों” को जान जोखिम में डालकर रोड क्रॉस नहीं करनी पड़ेगी।

इधर, पदुमनगर के पार्षद मनीष वर्मा ने नगर निगम के बिजली कर्मचारी संतोष सोनी पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया। शिकायत में कहा गया कि कर्मचारी मनमानी रवैया अपनाता है और रिपेयरिंग की गई 809 स्ट्रीट लाइटों का हिसाब तक नहीं दे रहा। पार्षद ने मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
सुशासन शिविर में आई इन शिकायतों ने यह जरूर दिखा दिया कि जनता अब समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन के सामने “देसी लॉजिक” रखने से भी नहीं हिचक रही।




