दुर्ग पुलिस को मिली 35 नई ईआरवी और 4 हाईवे पेट्रोलिंग वाहन
डायल-112 फेस-2 परियोजना के तहत आधुनिक सुविधाओं से लैस वाहनों को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना
भिलाई, नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत, त्वरित और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में छत्तीसगढ़ शासन ने बड़ा कदम उठाया है। डायल-112 फेस-2 नेक्स्ट जेन परियोजना के अंतर्गत दुर्ग पुलिस को 35 नई इमरजेंसी रिस्पांस व्हीकल (ईआरवी) तथा 4 हाईवे पेट्रोलिंग वाहन प्रदान किए गए हैं। इन अत्याधुनिक वाहनों का शुभारंभ बुधवार को सेक्टर-06 स्थित पुलिस कंट्रोल रूम भिलाई में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किया गया। प्रदेश के स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग एवं विधि-विधायी मंत्री गजेंद्र यादव ने हरी झंडी दिखाकर वाहनों को रवाना किया।
कार्यक्रम में जिला एवं पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ स्थानीय जनप्रतिनिधि, पुलिस अधिकारी और मीडिया प्रतिनिधि बड़ी संख्या में मौजूद रहे। इस अवसर पर नवीन डायल-112 वाहनों की तकनीकी क्षमताओं और त्वरित रिस्पांस प्रणाली का प्रदर्शन भी किया गया।
आपातकालीन सेवाओं को मिलेगा नया विस्तार
राज्य शासन द्वारा डायल-112 सेवा को आधुनिक तकनीक और संसाधनों से सुसज्जित कर फेस-2 नेक्स्ट जेन मॉडल के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य नागरिकों को किसी भी आपात स्थिति में शीघ्र और प्रभावी सहायता उपलब्ध कराना है। नई ईआरवी और हाईवे पेट्रोलिंग वाहनों के शामिल होने से पुलिस की प्रतिक्रिया क्षमता और अधिक मजबूत होगी।
मुख्य अतिथि मंत्री गजेंद्र यादव ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित पुलिसिंग से न केवल अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं और अन्य आपात स्थितियों में त्वरित सहायता भी सुनिश्चित होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि नई व्यवस्था से आम लोगों का पुलिस पर भरोसा और अधिक मजबूत होगा।
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बढ़ेगी पुलिस की पहुंच
दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर ने कहा कि डायल-112 सेवा आम नागरिकों के लिए भरोसेमंद सहायता प्रणाली बन चुकी है। नई तकनीक से लैस वाहनों के संचालन से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में पुलिस सहायता व्यवस्था अधिक प्रभावी और सशक्त होगी।
आधुनिक तकनीक से लैस हैं नए वाहन
कार्यक्रम में उपस्थित पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज ने कहा कि डायल-112 फेस-2 परियोजना आधुनिक और त्वरित पुलिसिंग व्यवस्था की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। नई नियंत्रण एवं संचार प्रणाली के माध्यम से घटनास्थल तक कम समय में पहुंच सुनिश्चित की जा सकेगी।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने जानकारी दी कि जिले को प्राप्त 35 ईआरवी और 4 हाईवे पेट्रोलिंग वाहनों को विभिन्न थाना क्षेत्रों एवं प्रमुख मार्गों पर तैनात किया जाएगा। इन वाहनों में जीपीएस सिस्टम, पीटीजेड कैमरा, डैश कैमरा, मोबाइल डेटा टर्मिनल सहित कई अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। इससे आपातकालीन सेवाओं की गुणवत्ता और रिस्पांस टाइम में उल्लेखनीय सुधार होगा।
कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष सरस्वती बंजारे, महापौर नीरज पाल, दुर्ग संभागायुक्त सत्यनारायण राठौर, दुर्ग कलेक्टर अभिजीत सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर सुखनंदन राठौर ने किया, जबकि नोडल अधिकारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मणिशंकर चंद्रा भी विशेष रूप से मौजूद रहे।



