महबूब की शान में निकाला जुलूसे मुहम्मदी, फहराया परचमे इस्लाम
भिलाई 3। पैगम्बर हजरत मुहम्मद के 1500 वें जन्मदिन पर शहर में सुबह से देर रात तक जुलूस, तकरीर, नातिया कलाम लंगर और सम्मान समारोह सहित कई आयोजन हुए। इन आयोजनों में बड़ी तादाद में लोगों की भागीदारी रही। जुलूसे मुहम्मदी में लोग नात शरीफ पढ़ते हुए चल रहे थे। वहीं जगह-जगह शरबत के सबील और लंगर के स्टॉल भी लगाए गए थे। शाम को जामा मस्जिद मजार भिलाई 3 के सामने नारा-ए-तकबीर अल्लाहू अकबर और नारा-ए-रिसालत या रसूल अल्लाह की गूंज के बीच परचमे इस्लाम फहराया गया।

इसके पहले ईद मिलादुन्नबी पर आयोजनों की शुक्रवार की सुबह से हो गई। फज्र की नमाज के बाद शहर की मस्जिद में परचमे इस्लाम फहराया गया और नात शरीफ पढ़ी गई। हजरत मोहम्मद साहब के मुँह ए मुबारक दिखाया गया शहर के कमेटी के द्वारा संचालित मदरसों के बच्चे जुलूसों में बड़ों के साथ बड़ी तादाद में मौजूद रहे। इसके बाद मस्जिद मजार भिलाई 3 की अगुवाई में मुख्य जुलूस की शुरूआत दोपहर 2 बजे दरगाह के सामने से निकाला गया। जुलूस की कयादत मस्जिद के पेश इमाम कारी हाफिज मोहम्मद अकील साहब नायब इमाम हाफिज नसीम रजा और सभी मदरसे की मुद्दरिशो की कयादत में की गई जिसमें कमेटी के सभी ओहदेदार भी मौजूद रहे।

जुलूस की शुरूआत दरगाह से की गई, जुलूस बस स्टैंड, नेहरू नगर, गांधी चौक, सिरसा गेट, एकता नगर, नूतन चौक, एकता चौक होते हुए दरगाह पहुंची।
दरगाह में परचम कुशाई के बाद मिठाई बांटी गई।
जुलूस के स्वागत में समाज के लोगों के अलावा और भी लोगों ने स्टाल लगाकर किया।
मस्जिद कमेटी के द्वारा इस बार भी हर साल की तरह सामाजिक आयोजन किए गए जिसमें मेडिकल कैंप/रक्तदान शिविर/बच्चों की हौसला अफजाई/ लेडिस मिलाद / सीरत ए मुस्तफा कॉन्फ्रेंस/सम्मान समारोह आम लंगर जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने शिरकत की।
मुख्य रूप से रूस्तम खान, रहिस अहमद, नसीम खान, तौहिद खान, अबुल हसन, अजहर खान, लतीफ भाई, मो० आरीफ, तौसिफ रजा आदि मुसलिम जमाद की मौजूदगी में मनाया गया और कार्यक्रम में हिस्सा लिए सभी का आभार व्यक्त किया।


