दुर्ग-धमधा रोड स्थित घास जमीन पर चल रही थी सीमेंट पोल फैक्ट्री
भिलाई, बहुचर्चित अफीम खेती प्रकरण में गिरफ्तार भाजपा नेता विनायक ताम्रकार के अवैध कब्जे पर गुरुवार को प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाया। दुर्ग कलेक्टर अभिजीत सिंह के निर्देश पर राजस्व और प्रशासनिक अमले ने समोदा गांव में सरकारी जमीन पर बने निर्माण को हटाया।
जानकारी के अनुसार दुर्ग-धमधा रोड स्थित समोदा गांव में लगभग 32 डिसमिल सरकारी जमीन पर ताम्रकार द्वारा कब्जा कर सीमेंट पोल निर्माण की फैक्ट्री संचालित की जा रही थी। यह जमीन राजस्व रिकॉर्ड में घास जमीन के रूप में दर्ज है। प्रशासन की टीम ने कार्रवाई से पहले फैक्ट्री में लगे बिजली कनेक्शन को काटा और इसके बाद जेसीबी मशीन से अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया।
बताया जा रहा है कि यहां “बृजेश कांक्रीट प्रोडक्ट” के नाम से व्यवसायिक गतिविधियां संचालित हो रही थीं, जहां खेतों की बाउंड्री वॉल के लिए सीमेंट पोल और कंटीले तार का निर्माण किया जाता था।
ग्रामीणों के अनुसार करीब एक दशक पहले विनायक ताम्रकार और उनके परिजनों ने दबंगई के साथ सड़क किनारे स्थित सरकारी जमीन पर कब्जा कर यह निर्माण शुरू किया था। ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत इस जमीन पर बस स्टॉप और कुछ दुकानों के निर्माण की योजना बना रही थी, लेकिन कब्जे के कारण यह योजना वर्षों से लंबित थी।
तहसीलदार क्षमा यदु ने बताया कि समोदा गांव के खसरा नंबर 778 की 32 डिसमिल सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत सरपंच की ओर से की गई थी। जांच के बाद संबंधित पक्ष को बेदखली वारंट जारी किया गया था। उसी के तहत गुरुवार को प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर बेदखली की कार्रवाई की।
प्रशासन की इस कार्रवाई से समोदा गांव के ग्रामीणों में खुशी का माहौल देखा गया।


