राष्ट्रीय टीकाकरण दिवस पर दुर्ग से स्वास्थ्य सुरक्षा की बड़ी शुरुआत

Editor
By Editor 3 Min Read

सांसद विजय बघेल ने एचपीवी वैक्सीन अभियान का किया शुभारंभ, 14–15 वर्ष की बालिकाओं को मिलेगा जीवन रक्षक टीका

दुर्ग, राष्ट्रीय टीकाकरण दिवस के अवसर पर जिले में बालिकाओं के स्वास्थ्य संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बालिकाओं के लिए एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) वैक्सीन अभियान का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दुर्ग सांसद विजय बघेल के करकमलों से हुआ, जबकि कलेक्टर अभिजीत सिंह विशेष रूप से उपस्थित रहे और उन्होंने अभियान के सफल संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

कलेक्टर अभिजीत सिंह ने कहा कि इस आयु वर्ग की सभी बालिकाओं तक यह जीवन रक्षक वैक्सीन पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है, जिससे भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाव संभव हो सके। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार महिलाओं में पाए जाने वाले प्रमुख कैंसरों में सर्वाइकल कैंसर एक गंभीर समस्या है और समय पर टीकाकरण से इसके खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनोज दानी की उपस्थिति में स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभियान की विस्तृत जानकारी दी गई। उनके मार्गदर्शन में जिले में व्यापक स्तर पर टीकाकरण की तैयारी शुरू कर दी गई है। कलेक्टर ने जिला अस्पताल दुर्ग के सिविल सर्जन डॉ. आशीष कुमार मिंज को सभी टीकाकरण केंद्रों पर समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सिविल सर्जन ने बताया कि यह टीका जिला अस्पताल में प्रतिदिन सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक लगाया जाएगा।

इस अवसर पर जिला पंचायत स्वास्थ्य समिति की अध्यक्ष  प्रिया साहू, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. दिव्या श्रीवास्तव, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजीव ग्लैड तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. सी.बी. बंजारे भी उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि बाजार में इस वैक्सीन की कीमत लगभग 4000 रुपये तक होती है, किंतु शासन की पहल और जिला प्रशासन के प्रयासों से इसे अधिक से अधिक बालिकाओं तक निःशुल्क पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।

बैठक में 17 मार्च से 21 अप्रैल तक आयोजित होने वाले शिशु संरक्षक माह (एसएसएम) पर भी चर्चा की गई। कलेक्टर ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि माइक्रोप्लान तैयार कर 6 माह से 5 वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे तक पहुंच सुनिश्चित की जाए, ताकि टीकाकरण, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सके।

जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य, शिक्षा तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के समन्वित प्रयासों से इस अभियान को सफल बनाने पर जोर देते हुए अभिभावकों, शिक्षकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और नागरिकों से अपील की है कि वे पात्र बालिकाओं को एचपीवी वैक्सीन लगवाकर उनके स्वस्थ, सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

Share This Article