भिलाई, पुरैना, स्थानीय बी एस पी क्षेत्र स्थित पी पी यार्ड भिलाई में तैनात सुरक्षा बल (सी आई एस एफ) और कर्मचारियों के बीच तनाव चरम पर पहुँच गया है। ताजा घटनाक्रम में, पीपी यार्ड के एक कर्मचारी तरुण के साथ सी आई एस एफ गेट पर कथित तौर पर अभद्र व्यवहार, मारपीट की कोशिश और मानसिक उत्पीड़न का मामला सामने आया है।
घटना का विवरण
प्रत्यक्षदर्शियों और पीड़ित कर्मचारी के अनुसार, ड्यूटी के दौरान सी आई एस एफ के जवानों जे एस तोमर -हवलदार ने तरुण के साथ न केवल बदतमीजी की, बल्कि सरेआम उसका कॉलर पकड़कर उसे घसीटते हुए सी आई एस एफ ऑफिस तक ले गए। आरोप है कि इस दौरान जवानों ने कई बार उस पर हाथ उठाने का प्रयास किया और उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी।

लगातार बढ़ रहा है असंतोष
यार्ड के अन्य कर्मचारियों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। सुरक्षा के नाम पर सी आई एस एफ कर्मियों द्वारा आए दिन कर्मचारियों को धमकाना और उनके साथ दुर्व्यवहार करना एक आम बात हो गई है। कर्मचारियों ने इसे सीधे तौर पर ‘गुंडागर्दी’ करार देते हुए कहा कि ऐसी हरकतों से मेहनतकश मजदूरों के मान-सम्मान को गहरी ठेस पहुँच रही है।
एकजुट हुए कर्मचारी
इस घटना के बाद यार्ड के समस्त कर्मचारियों में भारी रोष व्याप्त है। कर्मचारियों का कहना है कि अब समय आ गया है जब इस तानाशाही के खिलाफ एकजुट होकर आवाज उठाई जाए। उन्होंने प्रबंधन से मांग की है कि दोषी सुरक्षाकर्मियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए और कार्यस्थल पर कर्मचारियों के सम्मान की रक्षा सुनिश्चित की जाए।
अंत में सी आई एस एफ के आला अधिकारियों के पहुंचने के बाद सी सी टी वी देखा गया एवं जवान द्वारा कर्मचारियों से माफी मांगी गई l

प्रबंधन की चुप्पी
फिलहाल इस मामले में प्रशासन या सी आई एस एफ के उच्च अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। हालांकि, कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस पर संज्ञान नहीं लिया गया, तो वे बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। मंडल समन्वयक साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे श्रमिक यूनियन बलाई शील द्वारा फोन में बातचीत कर समझाइश दी गई एवं प्रदर्शन को खत्म कराया गया


