संयुक्त टीम ने 5 एकड़ 62 डिसमिल क्षेत्र में लगे अफीम के पौधों को किया था जप्त
लगभग 8 करोड़ रुपए आंकी गई है जप्त पौधों की कीमत
भिलाई, दुर्ग जिले के जेवरा सिरसा पुलिस चौकी अंतर्गत समोदा गांव से लगे झेंझरी में अफीम के पौधों को नष्ट करने का काम आज शुरू कर दिया गया है। इसके लिए 5 एकड़ 62 डिसमिल खेत पर लगे अफीम के पौधों को उखाड़ने का काम समाचार लिखे जाने तक जारी रहा। संयुक्त टीम ने अवैध रूप से उगाए गए इन अफीम के पौधों की कीमत 8 करोड़ रुपए आंकी है। एक दिन पहले ही इन पौधों को विधिवत रूप से जप्त किया गया था। जप्त पौधों का सैम्पल लेकर पौधों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत विनष्टिकरण किया जाएगा।
अवैध अफीम की खेती का भंडाफोड़ होने के बाद दुर्ग जिला का यह मामला पूरे छत्तीसगढ़ की सुर्खियों में बना हुआ है। इस मामले में भाजपा नेता तमेर पारा दुर्ग निवासी विनायक ताम्रकार ( 58 वर्ष ), विकास बिश्नोई ( 27 वर्ष ) निवासी ग्राम मटोडा जिला जोधपुर राजस्थान हाल निवास ग्राम समोदा जिला दुर्ग सहित मनीष ठाकुर ( 45 वर्ष ) की गिरफ्तारी की गई है।
प्रारंभिक जांच में कुछ अन्य व्यक्तियों की भी संलिप्तता सामने आई है। पूछताछ में यह भी जानकारी प्राप्त हुई कि अफीम की खेती के लिए बाहर से लोगों को बुलाकर कार्य कराया जा रहा था। मामले में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत वैधानिक कार्यवाही की जा रही है। साथ ही जप्त किए गए अफीम के पौधों की जुडिशियल मजिस्ट्रेट के समक्ष विधिवत सैंपलिंग की कार्यवाही कर फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।
इस बीच जप्त अफीम के पौधों को आज सुबह से ही उखाड़कर सुरक्षित रखने का काम शुरू कर दिया गया है। इस दौरान जिला व पुलिस प्रशासन के साथ आबकारी विभाग की टीम मौजूद रही। पौधों को खेत से उखाड़कर अलग-अलग गट्ठा बनाया गया।
गौरतलब रहे कि शुक्रवार को थाना पुलगांव क्षेत्रांतर्गत जेवरा-सिरसा चौकी के अंतर्गत ग्राम समोदा, झेंझरी एवं सिरसा के मध्य स्थित भूमि में अवैध रूप से अफीम की खेती किए जाने की सूचना प्राप्त हुई। सूचना पर तत्काल पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मौके में शून्य में अपराध पंजीबद्ध किया गया तथा विवेचना के क्रम में खेत में अफीम की फसल पाए जाने पर अन्य संबंधित विभागों को अवगत कराते हुए संयुक्त टीम द्वारा कार्यवाही की गई।
मौके पर निरीक्षण के दौरान पाया गया कि खेत में मक्का की फसल के बीच-बीच में अफीम के पौधे लगाए गए थे। संयुक्त टीम द्वारा खेत का निरीक्षण कर लगभग 05 एकड़ 62 डिसमिल क्षेत्र में लगे अफीम के पौधों को जप्त किया गया, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 8 करोड़ आंकी गई है। राजस्व विभाग के संज्ञान में आने पर कलेक्टर दुर्ग के निर्देशानुसार अनुविभागीय अधिकारी राजस्व दुर्ग, तहसीलदार दुर्ग एवं अतिरिक्त तहसीलदार द्वारा मौके पर पहुंचकर भूमि अभिलेखों की जांच की गई। जांच में ग्राम झेंझरी, तहसील दुर्ग स्थित खसरा नंबर 309 रकबा 80 डिसमिल तथा खसरा नंबर 310 रकबा 09 एकड़ 92 डिसमिल, कुल खसरा नंबर 02 रकबा 10 एकड़ 72 डिसमिल भूमि दर्ज पाई गई।


