ओबीसी हक-अधिकार और जनचेतना को लेकर 140 गांवों में मंडल यात्रा
शक्ति, अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) समाज को उनके हक-अधिकारों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से ओबीसी महासभा शक्ति द्वारा सत्रह दिवसीय मंडल यात्रा का आयोजन किया गया। यह यात्रा जिला अध्यक्ष खेमराज कश्यप एवं प्रदेश सचिव हरीश कुमार के कुशल नेतृत्व में निकाली गई, जो जिले के लगभग 140 गांवों से होकर गुजरी। यात्रा का समापन ग्राम ठूठी में ओबीसी हक-अधिकार एवं जनचेतना कार्यक्रम के साथ किया गया।
यात्रा के दौरान ओबीसी समाज को मंडल कमीशन की अनुशंसाओं, सामाजिक न्याय, आरक्षण, शिक्षा, रोजगार एवं राजनीतिक भागीदारी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया गया। वक्ताओं ने बताया कि वर्ष 1992 में मंडल कमीशन की दो प्रमुख अनुशंसाएं लागू की गई थीं, जिसके बाद ओबीसी समाज को संवैधानिक अधिकार प्राप्त हुए, लेकिन आज भी इन अधिकारों की रक्षा और पूर्ण क्रियान्वयन के लिए संगठित संघर्ष आवश्यक है।
इस जनजागरण अभियान में इंदल श्रीवास, छतराम यादव, अशोक महंत, ईश्वर साहू, महिला मोर्चा से अमृता वैष्णव, पिंकी महंत सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भूमिका निभाई। महिला मोर्चा की सहभागिता ने यात्रा को नई ऊर्जा प्रदान की।
समापन कार्यक्रम में ओबीसी महासभा छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष राधेश्याम, प्रदेश महासचिव जनक राम साहू, प्रदेश कोषाध्यक्ष महावीर कलिहारी, बिलासपुर संभाग अध्यक्ष हरीशचंद्र, बस्तर संभाग अध्यक्ष दिनेश यदु, वरिष्ठ समाजसेवी विष्णु बघेल, प्रदेश उपाध्यक्ष महिला मोर्चा भगवती सोनकर, प्रदेश सचिव पुनेश्वर देवांगन, मंजू साहू सहित तहसील, जिला एवं प्रदेश स्तर के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने ओबीसी समाज से शिक्षा, संगठन और राजनीतिक चेतना को मजबूत करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जब तक समाज जागरूक और संगठित नहीं होगा, तब तक अधिकार सुरक्षित नहीं रहेंगे।
उक्त जानकारी ओबीसी खिलेश्वरी, कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष महिला मोर्चा, ने दी। कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे और यात्रा को ऐतिहासिक एवं सफल बताया।
ओबीसी महासभा शक्ति की 17 दिवसीय यात्रा का ग्राम ठूठी में हुआ समापन


