दुर्ग में कार्यपालक निदेशक को सौंपा संयुक्त ज्ञापन, 5 अक्टूबर को रायपुर में होगा विशाल प्रदर्शन
दुर्ग, छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के अधिकारी-कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना (OPS) का लाभ प्रदान करने की मांग अब निर्णायक आंदोलन का रूप लेती जा रही है। इस मांग को लेकर छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज अधिकारी-कर्मचारी पुरानी पेंशन अधिकार मंच के बैनर तले पावर कंपनी के सभी 12 अधिकारी-कर्मचारी संगठनों ने एकजुट होकर प्रदेशव्यापी आंदोलन का शंखनाद किया है।
आंदोलन के प्रथम चरण में दुर्ग क्षेत्र में अधिकारी-कर्मचारियों की संयुक्त आमसभा आयोजित कर छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के कार्यपालक निदेशक, दुर्ग क्षेत्र शिरीष शैलेट को संयुक्त ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन में छत्तीसगढ़ शासन, ऊर्जा विभाग के 6 अक्टूबर 2023 के आदेश का हवाला देते हुए कहा गया कि 1 जनवरी 2004 अथवा उसके पश्चात नियुक्त तथा नवीन अंशदायी पेंशन योजना से आच्छादित अधिकारी-कर्मचारियों को नवीन अंशदायी पेंशन योजना के स्थान पर 1 जनवरी 2004 से पुरानी पेंशन प्रणाली में अंतरित करने हेतु सैद्धांतिक सहमति प्रदान की गई थी।
इसके बावजूद पावर कंपनी प्रबंधन द्वारा अब तक पुरानी पेंशन योजना लागू नहीं किए जाने पर अधिकारी-कर्मचारियों में गहरा असंतोष और आक्रोश व्याप्त है। कर्मचारियों का कहना है कि जब शासन स्तर पर इस संबंध में सैद्धांतिक सहमति दी जा चुकी है, तो पावर कंपनी में इसके क्रियान्वयन में विलंब का कोई औचित्य नहीं है।

12 संगठनों की एकजुटता, प्रदेशव्यापी आंदोलन का ऐलान
छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल पत्रोपाधि अभियंता संघ के प्रांतीय अध्यक्ष इंजीनियर श्रीकांत बड़गैंया ने कहा कि पुरानी पेंशन केवल सेवानिवृत्ति के बाद मिलने वाली आर्थिक सुरक्षा का विषय नहीं, बल्कि वर्षों तक विद्युत विभाग और पावर कंपनी की सेवा करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के भविष्य की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा का सवाल है।
उन्होंने बताया कि पावर कंपनी के सभी 12 अधिकारी-कर्मचारी संगठनों ने एकजुट होकर पुरानी पेंशन लागू कराने के लिए प्रदेशव्यापी आंदोलन का निर्णय लिया है। आंदोलन के प्रथम चरण में 11 सितंबर को प्रदेश के सभी संयंत्रों एवं क्षेत्रीय मुख्यालयों में संयुक्त आमसभा और ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
इसके पश्चात प्रदेश के मंत्रियों, सांसदों, विधायकों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों को सामूहिक रूप से ज्ञापन सौंपकर इस मांग के समर्थन में पहल करने का आग्रह किया जाएगा।
5 अक्टूबर को रायपुर में होगा बड़ा प्रदर्शन
आंदोलन के अगले चरण में 5 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के मुख्यालय डंगनिया, रायपुर में प्रदेशभर के अधिकारी-कर्मचारियों का सामूहिक प्रदर्शन एवं विशाल आमसभा आयोजित की जाएगी।
पुरानी पेंशन अधिकार मंच ने स्पष्ट किया है कि अधिकारी-कर्मचारी अपनी इस बहुप्रतीक्षित एवं न्यायसंगत मांग के निराकरण के लिए पूरी एकजुटता के साथ संघर्ष जारी रखेंगे। मंच ने पावर कंपनी प्रबंधन से मांग की है कि शासन द्वारा पूर्व में दी गई सैद्धांतिक सहमति के अनुरूप पुरानी पेंशन योजना को बिना किसी और विलंब के तत्काल लागू किया जाए।

ये रहे प्रमुख रूप से उपस्थित
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल पत्रोपाधि अभियंता संघ के प्रांतीय अध्यक्ष श्रीकांत बड़गैंया, महेश्वर टंडन, पी.एल. माहेश्वरी, भूपेश वर्मा, राजेंद्र गिरी गोस्वामी, महेन्द्र साहू, आलोक साहू, दींक्षात चुरेंद्र, डी के साहू, गुनेश्वर शिवारे, निर्मल कुर्रे, उत्तम सोनी, शैलेश पाटले, गोपाल वर्मा तकनीकी संघ से हेमंत कुमार साहू, पारस डहरिया, टिथेद्र वर्मा, बालमुकुंद साहू, संतोष शर्मा महासंघ से बी. एस राजपूत, शैलेन्द्र दुबे, सुरेश सिन्हा, दीपक पशीने, किशोरी चंद्राकर जनता यूनियन के यतीश वर्मा, अमित खरे आरक्षित वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संघ सहित बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
इस मांग को लेकर कंपनी प्रबंधन और शासन स्तर पर लगातार ध्यान दिलाया जा रहा है, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। बता दें कि ओपीएस की मांग लेकर संयुक्त अधिकारी कर्मचारी अधिकार मंच का गठन किया है। अधिकार मंच में अभियंता संघ, पत्रोपाधि अभियंता संघ, फेडरेशन, भारतीय मजदूर संघ, जनता यूनियन, अधिकारी कर्मचारी आरक्षित संघ, फेडरेशन 56, ऑफिसर एसोसिएशन, तकनीकी कर्म एकता यूनियन, डॉक्टर एसोसिएशन, तकनीकी कर्मचारी संघ, कार्यालयीन कर्मचारी संघ सहित विद्युत कंपनी 12 अधिकारी कर्मचारी संगठन शामिल हैं।
Link : https://shricgnewscreator.com/12-power-company-organizations-have-united-to-launch-a-campaign-for-the-old-pension-scheme-and-submitted-a-memorandum/













